
संपादक आनन्द शुक्ला।

जनपद कानपुर देहात। रूरा कस्बे को नए साल में रेलवे ओवरब्रिज के साथ अंडरपास का तोहफा मिलेगा। इसमें पश्चिमी रेल क्रासिंग पर बन रहे ओवरब्रिज का काम अंतिम चरण में है, जबकि छोटे वाहनों के आवागमन के लिए बन रहे अंडरपास का निर्माण भी तेजी से जारी है। इनका निर्माण पूरा होने के बाद जहां आवागमन कि सुविधा बेहतर होगी, वहीं रोजाना लगने वाले जाम से भी निजात मिलेगी। दिल्ली-हावड़ा रेल मार्ग पर रूरा कस्बे में मार्च 2019 में 38.33 करोड़ रुपये की लागत से 32 पिलर पर 945 मीटर लंबाई के ओवर ब्रिज को मंजूरी मिली थी। एक जुलाई 2020 को राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने इसका शिलान्यास किया था। इस पुल का काम दिसंबर 2021 तक पूरा किया जाना था, लेकिन पहले कोरोना के चलते लॉक डाउन के कारण व बाद में कार्यदायी संस्था कि धीमी चाल से काम समय से पूरा नहीं हो सका। निर्माण कार्य की कछुआ चाल से ओवरब्रिज निर्माण पूरा होने का इंतजार बढ़ने से कस्बे के लोगों के साथ आम राहगीरों व व्यापारियों की परेशानी का सबब बना है। कार्यदायी संस्था के सहायक अभियंता होती लाल ने बताया कि निर्माण कार्य जल्द पूरा कराने का प्रयास किया जा रहा है। जनवरी तक पुल को चालू कराने का प्रयास है।
दिल्ली-हावड़ा रेल मार्ग पर स्थित रूरा कस्बे में रेल मंत्रालय से पश्चिमी रेल क्रसिंग व पुराने अंडरपास के बीच खंभा नंबर 1061/19 -21 के मध्य 8.34 करोड़ की लागत से नए अंडर पास संख्या 94 का निर्माण भी युद्ध स्तर पर जारी है,गत 26 फरवरी को प्रधान मंत्री ने वर्चुअल आधार पर इसका शिलान्यास किया था। इसके साथ ही निर्माण की जिम्मेदारी डीएफसीसी को दी गई थी, लेकिन अप्रैल में निर्माण की जिम्मेदारी रेलवे को सौपने के साथ धनराशि भी स्थानांतरित कर दिए जाने के बाद छह माह में बनने वाले इस अंडरपास का निर्माण दस माह में भी पूरा नहीं हो सका, इससे लोगों को घंटों जाम से जूझना पड़ रहा है। अंडर पास निर्माण की धीमी चाल व पुराने अंडरपास के सकरा होने से कचहरी व जिला मुख्यालय आने जाने वाले रसूलाबाद बिल्हौर, शिवली शिवराजपुर चौबेपुर झींझक आदि क्षेत्रों के लोगों के साथ आधे कस्बे के लोगों को अस्पताल, डाकघर, थाने में काम से आने पर घंटों जाम की समस्या से रोजाना जूझना पड़ रहा है। सात दिसंबर को डीजीएम आयुष कुमार ने निर्माण कार्य का निरीक्षण कर जल्द काम पूरा कराने का निर्देश दिया था इसके बाद भी कार्य कि रफ़्तार तेज हो गई है। निर्माण कार्य की जिम्मेदारी संभाले रेलवे के अवर अभियंता विपिन चौधरी का कहना है कि जल्द कार्य पूरा कराने का प्रयास हो रहा है। नए साल में इसका भी निर्माण पूरा होना है, इससे छोटे वाहनों के आवागमन की सुविधा बढ़ने के साथ पुराने अंडरपास मैंनलगाने वाले जाम से निजात मिलेगी।